महानिरीक्षक श्रीमति नीलिमा रानी सिंह द्वारा केऔसुब इकाई केएसटीपीपी कोरबा का द्विवार्षिक निरिक्षण…..

Rajesh Kumar Mishra
Rajesh Kumar Mishra
3 Min Read

NOW HINDUSTAN. Korba. एनटीपीसी कोरबा संयंत्र की सुरक्षा व्यवस्था का द्विवार्षिक निरीक्षण केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) के मध्य खंड, भिलाई की महानिरीक्षक (आईजी) श्रीमती नीलिमा रानी द्वारा किया गया। इस अवसर पर इकाई प्रभारी कमांडेंट राजीव कुल्हारी, सहायक कमांडेंट (फायर) अशोक प्रसाद सिंह और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने महानिरीक्षक का औपचारिक स्वागत किया। यह निरीक्षण हर दो वर्ष में एक बार आयोजित किया जाता है, जिसका उद्देश्य संयंत्र की सुरक्षा व्यवस्था का गहन मूल्यांकन और इसे और अधिक प्रभावी बनाने के लिए ठोस सुझाव देना है।

- Advertisement -

निरीक्षण के दौरान, महानिरीक्षक ने एनटीपीसी के कार्यकारी मुख्य महाप्रबंधक राजीव खन्ना व अन्य वरिष्ठ अधिकारियों से मुलाकात की। इस बैठक में संयंत्र की सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत और सुव्यवस्थित बनाने के विभिन्न पहलुओं पर चर्चा की गई।

महानिरीक्षक ने निरीक्षण के दौरान हाल ही में इकाई में स्थापित मधुमक्खी पालन बॉक्स का भी अवलोकन किया। उन्होंने इन बॉक्सों को सुचारू रूप से संचालित करने और इनके रखरखाव के लिए उपयोगी सुझाव दिए। इसके अतिरिक्त, सीआईएसएफ इकाई द्वारा निर्मित एनटीपीसी संयंत्र के मॉडल रूम का भी निरीक्षण किया, जहां उन्होंने सुरक्षा प्रबंधन के इस प्रयास की सराहना की।

महानिरीक्षक ने जवानों के लिए उपलब्ध बुनियादी सुविधाओं जैसे मैस, बैरक और क्वार्टर गार्ड का भी गहन निरीक्षण किया। इसके अलावा, उन्होंने सभी ड्यूटी पोस्ट का भ्रमण कर सुरक्षा व्यवस्था की स्थिति का मूल्यांकन किया और आवश्यक सुधारात्मक कदम उठाने के निर्देश दिए।

अंतिम चरण में सैनिक सम्मेलन का आयोजन किया गया, जहां महानिरीक्षक ने जवानों की व्यक्तिगत और पेशेवर समस्याओं को ध्यानपूर्वक सुना। उन्होंने इन समस्याओं के त्वरित और प्रभावी समाधान के लिए आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए।

इस द्विवार्षिक निरीक्षण को सफल बनाने में इकाई के सभी अधिकारियों और जवानों का विशेष योगदान रहा। कमांडेंट राजीव कुल्हारी और सहायक कमांडेंट अग्नि अशोक प्रसाद सिंह के नेतृत्व में महिला निरीक्षक ऊषा रानी, महिला निरीक्षक जूली ई.एल., निरीक्षक शिवकांत मिश्रा, उप निरीक्षक चंद्रप्रकाश बंदेवार, उप निरीक्षक रवि कुमार और अन्य बल सदस्यों ने अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। निरीक्षण ने न केवल सुरक्षा व्यवस्था के आकलन में मदद की, बल्कि इसे और अधिक प्रभावी बनाने के लिए आवश्यक मार्गदर्शन भी प्रदान किया।

Share this Article