NOW HINDUSTAN. Korba. जानकारी के अनुसार एक युवती के साथ अपहरण कर बलात्कार, हत्या, फिरौती की मांग एवं हत्या कर शव को दफना देने का अपराध में न्यायालय में सिद्ध होने पर माननीय श्रीमती मधु तिवारी प्रथम अपर सत्र न्यायाधीश कटघोरा द्वारा धारा 302, 364, 120, 201, 34 भादवि के अंतर्गत आजीवन सश्रम कारावास एवं 1000-1000 हजार रूपये के अर्थदंड से दंडित किया हैं। प्रकरण में शासन की ओर से पैरवी अतिरिक्त शासकीय लोक अभियोजक संजय कुमार जायसवाल ने की एवं प्रकरण को साक्ष्य और प्रमाण के द्वारा संदेह से परे प्रमाणित करने में सफलता प्राप्त करते हुए प्रार्थी को न्याय दिलाने का काम किया।
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बताया जा रहा हैं की कोरबा जिले के बांगो थाना क्षेत्र अंतर्गत निवासरत एक युवती 28 सितंबर 2023 को सुबह लगभग 8 बजे सिलाई मशीन का काम सीखने कोरबा जाने के नाम पर घर से निकली थी। वह 30 सितंबर तक वापस घर नहीं लौटी तो उसके पिता ने थाना में सूचना दी। गुम इंसान कायम कर पतासाजी की जा रही थी कि इस बीच युवती के पिता के मोबाईल नंबर पर किसी अज्ञात व्यक्ति के द्वारा फोन कर युवती का अपहरण कर लेने की बात कहकर 15 लाख रूपये बताये हुये जगह पर लाकर देने की मांग की गई। बेटी का अपहरण कर फिरौती मांगने के संबंध में पिता ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय आकर आवेदन दिया। इस पर धारा 364 (क), 365 भादवि का अपराध दर्ज कर विवेचना के दौरान पतासाजी हेतु पुलिस टीम ने पाली, पोड़ी, रतनपुर, सकरी बिलासपुर में दबिश दी।
न्यायालय में आत्म समर्पण करने पहुंचे तब पुलिस ने किया गिरफ्तार
तत्कालीन पुलिस अधीक्षक जितेंद्र शुक्ला के मार्गदर्शन में विवेचना के दौरान फिरौती मांगने वाले की तलाश के लिए जगह-जगह दबिश देने पर आरोपी ठिकाना बदल कर लुक-छिप रहे थे। युवती और आरोपियों की तलाश के दौरान ही 28 नवंबर को कटघोरा न्यायालय में उक्त मामले के कथित आरोपियों द्वारा आत्मसमर्पण करने की जानकारी पुलिस को हुई। इसके बाद आवश्यक वैधानिक कार्यवाही कर पांचों कथित आरोपियों को न्यायालय से पुलिस रिमांड पर लिया गया। पूछताछ में मुख्य आरोपी ने बताया कि वह उक्त युवती से प्रेम करता था। वह साथ रहने के लिए बार-बार दबाव बना रही थी लेकिन वह स्वयं विवाहित होने के कारण उसे साथ रखना नहीं चाहता था। 28 सितंबर को युवती घर में झूठ बोलकर उससे मिलने के लिए ग्राम पोड़ी आई थी। गांव के बाहर केराझरिया के जंगल में दोनों की मुलाकात हुई। साथ में एक अन्य कथित आरोपी भी था। उक्त युवती से दोनों ने जंगल में ही संबंध स्थापित किया और इसके बाद बातचीत में जब युवती ने साथ रहने की जिद की तो आवेश में आकर गला दबाकर मार डाला। जंगल में ही उसे मृत छोड़कर वे ग्राम गांव की ओर आए और अन्य 3 युवक के साथ शराब का सेवन किया। उसने उपरोक्त लोगों से एक काम करने के एवज में 1 लाख रुपए देने की बात कही और फिर सभी जंगल पहुंचे जहां युवती के शव को गड्ढा खोदकर दफन किया गया। इसके बाद मुख्य कथित आरोपी ने फिरौती मांगने का षड़यंत्र रचा था।
निशानदेही पर शव और औजार बरामद
पाली थाना क्षेत्र के केराझरिया जंगल में घटनास्थल से पुलिस ने तत्कालीन टीआई मनीषचन्द्र नागर के नेतृत्व में कथित आरोपियों की निशानदेही पर युवती का शव बरामद किया था। आरोपियों से गड्ढा खोदने में प्रयुक्त गैती, फावड़ा और अन्य वस्तुओं को भी बरामद कर जप्त कराया। मृतका के पिता की रिपोर्ट पर थाना बांगो द्वारा आरोपीगण के विरूद्ध अपराध क्रमांक 162/2023 पर धारा 364ए, 365, 120बी, 376, 302, 201, 34 भादवि के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना उपरांत अभियोग पत्र न्यायालय में पेश किया गया था।

