पुलिस की सूझबूझ से खुला राज – वैवाहिक विवाद बना खून की वजह..
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NOW HINDUSTAN korba. सिविल लाइन थाना क्षेत्र में 22 जुलाई को सामने आए महिला हत्या मामले का पुलिस ने चार दिन में खुलासा कर दिया है। मृतका सुषमा खुसरो की हत्या किसी और ने नहीं, बल्कि उसके ही पति अभिनेक कुमार लदेर ने की थी। हत्या के बाद आरोपी ने लाश को जलाकर आत्महत्या का रूप देने की कोशिश की, लेकिन पुलिस की सूझबूझ और वैज्ञानिक जांच से सच्चाई सामने आ गई। सुषमा और अभिनेक की शादी आर्य समाज, बिलासपुर में हुई थी। दोनों गोकुल नगर हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी, कोरबा में किराये से रहते थे। 22 जुलाई की सुबह दोनों में पिक्चर देखने को लेकर विवाद हुआ, जिसके बाद पति बाहर चला गया। दोपहर में लौटने पर घर के भीतर से धुंआ निकलता देख आरोपी ने दरवाजा तोड़कर देखा तो सुषमा की जली हुई लाश मिली। पुलिस ने मर्ग क्रमांक 55/25 धारा 194 बीएनएसएस के तहत जांच शुरू की।
वैज्ञानिक जांच से खुली हत्या की साजिश–
शॉर्ट पीएम रिपोर्ट में महिला की मौत पहले हत्या फिर जलाने से होना पाया गया। इसके आधार पर अज्ञात आरोपी के खिलाफ धारा 103(1) बीएनएस के तहत अपराध क्रमांक 446/25 पंजीबद्ध किया गया। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण, साक्ष्य संग्रह और फॉरेंसिक जांच के साथ 65 से अधिक सीसीटीवी फुटेज खंगाले।
पति ने कुबूला गुनाह-:
पूछताछ में पति अभिनेक कुमार (25 वर्ष, निवासी छुईयापारा) ने जुर्म स्वीकार करते हुए बताया कि विवाद के बाद उसने पत्नी का मुंह चुनरी से बांधा और तकिए से गला दबाकर हत्या कर दी। हत्या के बाद साक्ष्य मिटाने के उद्देश्य से शव पर अखबार और कपड़े डालकर उसे जला दिया, ताकि आत्महत्या जैसा दिखे।
पारिवारिक विवाद बना हत्या की वजह-: बताया गया कि मृतका और आरोपी दोनों ग्राम पंचायत सचिव के पद पर कार्यरत थे। पारिवारिक विवाद और बच्चों को लेकर अक्सर तकरार होती थी। आरोपी लंबे समय से पत्नी से नाराज था और पिछले तीन माह से हत्या की योजना बना रहा था। आरोपी को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायालय में प्रस्तुत किया गया है। पुलिस द्वारा तकनीकी और वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाकर मामले की जांच अंतिम चरण में है। कोरबा पुलिस की तेज़ कार्यवाही से चार दिन में बड़ा हत्याकांड सुलझा, आरोपी को सलाखों के पीछे भेजा गया।

