बगीचा नदी में जलभराव से ग्रामीणों को होती है परेशानी लेकिन सुनने वाला कोई नहीं…

Rajesh Kumar Mishra
2 Min Read
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.14 (2)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.13 (1)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.14
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.12
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.12 (1)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.13
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.12 (2)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.13 (2)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.14 (1)

कोरबा / जशपुर –NOW HINDUSTAN  जिले के बगीचा ब्लॉक में ग्राम गम्हारिया और ओडका के बीच स्थित राजपुरी नदी में बरसात के समय जलभराव की वजह से ग्रामीणों को नदी पार करने की समस्या होती है। पानी का बहाव तेज होने के कारण स्कूली बच्चे नदी पार नही कर पाते और मजबूरन उन्हें घर वापस लौटना पड़ता है।

WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.09 (2)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.11
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.10 (3)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.09
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.10 (1)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.10
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.11 (2)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.10 (2)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.11 (1)

नदी में पानी भरने की यह समस्या दशकों पुरानी है। बीजेपी सरकार ने 15 साल शासन किया लेकिन पुल की तरफ़ ध्यान नही दिया। वर्तमान विधायक विनय भगत को भी समस्या से अवगत कराया गया लेकिन उनकी तरफ से भी सिर्फ आश्वासन ही मिला है। विधायक के द्वारा पुल निर्माण के बजाय बगीचा क्षेत्र में अन्य निर्माण कार्य को प्राथमिकता देने की वजह से ग्रामीणों का गुस्सा फूट रहा है।

*एक मात्र सड़क मार्ग जो बगीचा मुख्यालय जाती है उस नदी में पानी भरने की वजह से ग्रामीणों की रोजमर्रा की दिनचर्या प्रभावित होती है।*

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के आदेश के बावजूद अधिकारियों की लापरवाही की वजह से पुल निर्माण से संबंधित आवश्यक कागजात आज तक पूर्ण नही हो पाए हैं। जिसकी वजह से अब तक पुल निर्माण का कार्य शुरू नही हो सका है जिससे प्रभावित होने वाले ग्रामीणों में काफी नाराज़गी देखने को मिल रही है।

*2019 में जनपद सदस्य का चुनाव जीतने के बाद क्षेत्रीय जनप्रतिनिधि बीडीसी आशिका कुजूर के द्वारा मुख्यमंत्री से पहली मुलाक़ात हुई उस वक्त भी पुल निर्माण की एकमात्र मांग थी। 2020 में जशपुर में हुए जन चौपाल में और 2021 के बगीचा में हुए जन चौपाल में ग्रामीणों की समस्या से लगातार अवगत कराया गया है। आशिका 2022 में जब राहुल गांधी के साथ पांच महीने भारत जोड़ो यात्रा में शामिल थी तब भी उन्होंने यह इच्छा जाहिर की थी कि इस पुल का नाम भारत जोड़ो पुल रखा जाए।*

WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.06 (1)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.07 (1)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.06 (2)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.06
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.07
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.08 (1)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.07 (2)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.08 (2)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.09 (1)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.43.08
Share This Article