फाइलों में उलझ गया संजय नगर रेलवे क्रॉसिंग अंडरब्रिज का कार्य……

Rajesh Kumar Mishra
Rajesh Kumar Mishra
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NOW HINDUSTAN. Korba.  कोरबा अंचल के मध्य स्थित संजय नगर रेलवे क्रॉसिंग पर अंडरब्रिज बनाने मंजूरी के 2 साल बाद टेंडर हो पाया है। रायपुर की शिला कंस्ट्रक्शन नामक कंपनी को 17.45 करोड़ रुपए में ठेका मिला है। हालांकि टेंडर के 2 महीने बाद भी प्रशासनिक उदासीनता की वजह से ठेका कंपनी से सेतु निर्माण विभाग अनुबंध ही नहीं कर सका है। ऐसे में काम कब तक शुरू होगा, यह तय नहीं है। काम शुरू होने पर अंडरब्रिज निर्माण में डेढ़ साल का समय लगेगा।

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शहर के भीतर यातायात व्यवस्था सुधारने संजय नगर रेलवे क्रॉसिंग पर 10 साल से अंडरब्रिज की प्लानिंग की जा रही है। दो साल पहले डीएमएफ से अंडरब्रिज बनाने 50 प्रतिशत राशि की मंजूरी मिलने के बाद प्रक्रिया आगे बढ़ी। अंडरब्रिज की लागत 30 करोड़ 97 लाख 89 हजार रुपए है। इसकी आधी राशि रेलवे देगा। इसके लिए एक साल पहले 88 मकानों को मुआवजा देकर तोड़ा गया। जमीन क्लियर होने के बाद पीडब्ल्यूडी सेतु निर्माण ने फरवरी से टेंडर की प्रक्रिया शुरू की थी। तीन कंपनियों ने टेंडर भरा था, जिसमें कोरबा से बी.बी. वर्मा और अशोक मित्तल भी शामिल थे। दिसंबर में रेट अप्रूवल होने के बाद काम शीला कंस्ट्रक्शन को कार्य दिया गया। अनुबंध अभी तक नहीं हुआ है, जिसकी वजह से वर्क आर्डर जारी नहीं हुआ है। काम शुरू नहीं होने के कारण अभी भी कई लोगों ने नया निर्माण शुरू कर दिया है। वहीं चार लोगों ने अभी तक मुआवजा नहीं लिया है। प्रकरण न्यायालय में है। यहां अधिकांश लोग सिंचाई और रेलवे की जमीन पर कब्जा कर मकान बना लिए थे। उन्हें प्रशासन ने मकान का ही मुआवजा दिया है।

वाय-शेप में होगा अंडरब्रिज का निर्माण

संजय नगर रेलवे क्रॉसिंग पर अंडरब्रिज का निर्माण पीडब्ल्यूडी सेतु निर्माण की देख-रेख में राइट्स करेगी। इसकी लंबाई 490.50 मीटर और चौड़ाई 8.5 मीटर होगी। इसमें रेलवे लाइन के नीचे 25 मीटर का बॉक्स होगा। सुनालिया चौक की तरफ की लंबाई 188.85 मीटर और रेलवे स्टेशन की तरफ 138.50 और पुरानी बस्ती कोतवाली की ओर 138.50 मीटर होगी।

रेलवे के साथ संयुक्त सर्वे भी नहीं हो सका अब तक

अंडरब्रिज का निर्माण रेलवे प्रबंधन की देख-रेख में ही कराना है। रेलवे, सेतु निर्माण और ठेका कंपनी के साथ संयुक्त सर्वे होना है। यह प्रक्रिया भी पूरी नहीं हो सकी है। इसके बिना काम शुरू नहीं हो सकता। माना जा रहा हैं की अधिकारी चाहते, तो अभी तक प्रारंभिक कार्य शुरू हो सकता था। ठेका कंपनी निर्माण को पहले यहां बोरिंग भी कराना होगा।

पाइपलाइन व खंभों की शिफ्टिंग भी अधूरी

अंडर ब्रिज के निर्माण में पाइपलाइन और बिजली खंभे भी प्रभावित हो रहे हैं। पाइपलाइन शिफ्टिंग के लिए 2 करोड़ 6 लाख लाख रुपए निगम को दिए गए हैं। सड़क के पास पाइप की शिफ्टिंग हुई है। कुछ जगह काम बाकी है। बिजली खंभों की शिफ्टिंग नहीं हो सकी है।

फाटक बंद होते ही हो जाता हैं सुनालिया चौक जाम

शहर के भीतर संजय नगर, मानिकपुर, इमलीछापर व सर्वमंगला रेलवे क्रॉसिंग सबसे व्यस्त रहता है। यहां से हर 7 मिनट में मालगाड़ी गुजरती है। कई बार तो लोगों को आधे घंटे से अधिक समय तक रुकना पड़ता है। कई बार लोगों की ट्रेन छूट जाती है। फाटक बंद होते ही सुनालिया चौक पर जाम लग जाता है।

वर्क ऑर्डर मेरे पास अब तक नहीं पहुंचा-एसडीओ सेतु निर्माण

एसडीओ, सेतु निर्माण, पीडब्ल्यूडी एमएम ओहदार, ने कहा कि “ठेका कंपनी से अनुबंध बाकी है। वर्क आर्डर भी मेरे पास नहीं आया है। टेंडर की प्रक्रिया रायपुर से ही होती है। वहां से फाइनल होने के बाद प्रक्रिया आगे बढ़ती है। काम कब तक शुरू होगा। कितना समय लगेगा इस बारे में अभी कुछ भी नहीं बता सकते। अनुबंध के बाद ही काम शुरू होगा।”

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